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बुधवार, 3 अप्रैल 2024

bhent--10

 आओ झण्डेवाली माँ थक गया हार के 

दर्श दिखाओ माँ बैठा तेरे द्वार पे 


नैना मेरे हैं प्यासे दीद को तरसें 

आ जाओ एक बार याद में बरसें 

देखे हैं मैंने दाती दुःख संसार के 


दिल हैमेरा घबराया विषयों ने लूटा 

झूठी है सारी दुनिया हर नाता टूटा 

आस है तेरी मैया पड़ा तेरे द्वार पे 


दुनिया ने ठोकर मारी तुम न रुलाना 

दाती है आस तेरी मुझे तुम बचाना 

आया शरण तुम्हारी जग को विसार के 


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