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सोमवार, 11 मई 2015

गुरुदेव के भजन-246 (Gurudev Ke Bhajan246)




तुम्ही मेरे साज़ हो तुम्ही संगीत हो 
तुम्ही मेरी धड़कनों में बसा हुआ गीत हो 

मिलता आधार मुझे बाबा तेरे प्यार से 
जीवन सुधारा हमने तेरे उपकार से 
तुम्ही  मात पिता हो बंधु और मीत हो 

डाली से टूटा हुआ मै इक फूल हूँ 
तेरे चरणो की बाबा मै तो धूल हूँ 
तुम्ही प्राणों  भी प्यारे  मेरे मन मीत हो 

बच्चे  है बाबा हम नादान है 
भूलों  माफ़ करना हम अनजान है 
तुम्ही मेरी आरज़ू हो तुम्ही मेरी प्रीत हो 


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